बाल दिवस पर निबंध – Children’s Day Essay in Hindi

अगर आप हिंदी में बाल दिवस पर निबंध पढ़ना चाहते हैं तो आप बिलकुल सही पोस्ट पर आये हैं। आज के इस आर्टिकल में हम बाल दिवस अर्थात Children’s Day पर हिंदी में निबंध पढ़ेंगे।

 

आप इस आर्टिकल में यह भी जान सकते हैं की आख़िरकार यह बाल दिवस कब मनाया जाता हैं और इस दिवस के मनाने के पीछे क्या कारण हैं। अब आप नीचे स्क्रॉल डाउन करके इस निबंध को पढ़ें।

 

बाल दिवस पर निबंध हिंदी में – Bal Diwas Par Nibandh in Hindi

बाल दिवस पर निबंध

भारत में उत्सवों की एक शृखंला है। प्रत्येक उत्सव बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। वे उत्सव कोई पर्व-त्योहार या दिवस के रूप में मनाया जाता है।

 

बाल दिवस भी उन्ही उत्सवों में से एक है। बाल दिवस केवल बच्चों के लिए होता है। यह दिवस बच्चो के उत्साह और आनन्द का दिवस है। बाल दिवस 14 नवम्बर को पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्मदिन के अवसर पर मनाया जाता है।

 

नेहरूजी को बच्चे बड़े प्यारे थे। बच्चे प्यार से उन्हें चाचा नेहरू कहते थे। इसीलिए नेहरूजी ने अपने जन्मदिन को बच्चो के लिए समर्पित कर दिया।

 

बाल दिवस का आयोजन सरकारी और निजी सभी विद्यालयों में होता है। उस दिन बच्चे पढ़ने -लिखने से मुक्त होते है। वे बिना स्कूल बैग के केवल स्कूल ड्रेस  में स्कूल जाते है।

 

वहाँ वे एक जगह एकत्र होते है। शिक्षक उन्हें नेहरूजी के जीवन की कुछ प्रमुख घटनाओ से परिचय कराते है। बच्चे भी नेहरूजी की जीवनी या इनसे संबंधित कवितायें सुनाते है।

 

कुछ विद्यालयों में एकांकी नाटक, संगीत, नृत्य आदि का भी आयोजन होता हैं। किसी-किसी विद्यालय के छात्रों को किसी मैदान या पार्क में भी ले जाया जाता हैं।

 

जहाँ मनोरंजन के कई कार्यक्रम प्रस्तुत किये जाते हैं। बच्चों को मिठाइयाँ, बिस्कुट आदि खाने की चीजें दी जाती हैं। बच्चे अपना दिवस मनाकर बड़े प्रसन्न होते हैं।

 

इसी प्रकार बच्चे बाल दिवस मनाते हैं। यधपि ‘बाल दिवस’ भी बच्चों के लिए है चाहे बच्चे विद्यालयों में पढ़ते हो अथवा नहीं। किन्तु यह दिवस विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों के लिए ही सिमट कर रह गया हैं।

 

गलियों में खेलने वाले या इधर-उधर भटकने वाले या किसी ढ़ाबे, होटल, घरों आदि में काम करने वाले बच्चों को इस दिवस से कोई मतलब नहीं लेकिन यह उचित नहीं।

 

नेहरूजी ने तो इसे सभी बच्चों के आनंद के लिए सभी बच्चों के कल्याण के लिए सम्पर्पित किया था। जैसे शिक्षक दिवस सभी शिक्षकों के कल्याण के लिए हैं वैसे ही बाल दिवस भी सभी बच्चों के कल्याण के लिए होना चाहिए।

 

Final Thoughts – 

 

दोस्तों, आज के इस आर्टिकल में आपने बाल दिवस पर निबंध हिंदी में पढ़ा। आपको यह Hindi Essay कैसा लगा नीचे कमेंट बॉक्स के माध्यम से हमें जरूर बताइये।

 

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